September 22, 2021

शक्ति न्यूज अल्मोड़ा |

1918 से प्रकाशित शक्ति अखबार का डिजीटल प्लेटफार्म

Age Relaxation in Govt Jobs In Uttarakhand

क्रांति कुटीर जहां से क्रांति वीरों ने लड़ी आजादी की लड़ाई

1 min read
Mukhyamantri Vatsalya Yojana
546778f3-c32c-455b-a331-27f23100882a
27673308-6ab7-4439-9875-5ca44b4946e1
previous arrow
next arrow

अल्मोड़ा। गोविंद बल्लभ पंत, हरगोविंद बल्लभ पंत जैसे स्वतंत्रता संग्राम सेनानिओं का गण रहा। जहां क्रांतिवीरों ने आजादी की रूपरेखा बनाई वह स्थान आज भी पूर्वी पोखरखाली में स्थित है। जहां अब उनकी पोत्र वधु का परिवार आज भी निवास करता है। उनकी पोत्र वधु डा0 वंसुधा पंत जो समाज सेवा में अपना योगदान दे रही है व पारपंरिक शिशुण घास (बिच्छू घास) जो पहाड़ी क्षेत्रा में पाये जाने वाला पौधा है जो आज तक किसी भी प्रकार से उपयोग नहीं होता था लेकिन एक बहुउद्देशीय पौंधा है का आज पर्वतीय क्षेत्र के ग्रामीणों को उसका उपयोग बताकर लोगों को आमदनी के साथ जोड़ दिया हैं एवं उसके आषौधी गुणों के कारण अनके रोगों, पोषक चारा आदि प्रकार का उपयोग करवा रहे है।

वे बताती है पं0 गोविंद बल्लभ पंत एवं हरगोविंद बल्लभ पंत ने इंटरमीडिएट की परीक्षा साथ उत्तीर्ण की तथा इलाहबाद से वकालत की परीक्षा साथ उत्तीर्ण की तथा गोविंद बल्लभ तथा हरगोविंद बल्लभ पंत ने रानीखेत में एक साथ वकालत प्रारंभ की। साथ साथ संयुक्त क्रांत के काउन्सिल के मेम्बर बने। दोनों ने साथ साथ स्वतंत्रता की लडाई लड़ी दोनो ही अपनी कुमांउनी मात्रा भाषा में लखनऊ विधान सभा में वार्ता करते थे। दोनो का स्वतंत्रता संग्राम में महान योगदान रहा। उस समय के क्रांतिकारी क्रांति कुटीर में ही स्वतंत्रता प्राप्ति हेतु योजना बनाते थे। इस भवन में योजना को कार्यरूप देते थे एवं यहीं निवास करते थे।

Copyright © शक्ति न्यूज़ | Newsphere by AF themes.